पटना: बिहार सरकार के पूर्व मंत्री विजय कृष्ण से जदयू के वरिष्ठ नेता एवं विधान पार्षद नीरज कुमार की मुलाकात के बाद सोशल मीडिया पर सियासी बयानबाजी शुरू हो गई है। नीरज कुमार ने अथमलगोला के कल्याणपुर स्थित विजय कृष्ण के पैतृक आवास पहुंचकर उनसे मुलाकात की और उनके स्वास्थ्य का हाल जाना। मुलाकात की तस्वीरें उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा करते हुए विजय कृष्ण के शीघ्र स्वस्थ होने और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।नीरज कुमार ने अपनी पोस्ट में लिखा कि बिहार सरकार के पूर्व मंत्री विजय कृष्ण जी के पैतृक गांव कल्याणपुर, अथमलगोला स्थित आवास पर जाकर उनसे मुलाकात की और उनका हालचाल जाना। उन्होंने कहा कि विजय कृष्ण काफी बीमार हैं और ईश्वर से उनके शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की।
हालांकि, इस मुलाकात के बाद विजय कृष्ण की पुत्री रानी कुमारी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए बिना नाम लिए नीरज कुमार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने लिखा, तस्वीरें खिंचवाने से गुनाह और साजिशें नहीं छिपतीं।रानी कुमारी ने आरोप लगाया कि जिन लोगों ने हमेशा विजय कृष्ण की राजनीतिक विरासत को मिटाने और उन्हें नुकसान पहुंचाने की कोशिश की, वे आज बीमारी की स्थिति में उनके साथ खड़े होने का दिखावा कर रहे हैं।उन्होंने इसे सहानुभूति के बजाय राजनीति का “सबसे निचला स्तर” करार दिया। रानी कुमारी ने कहा कि उनके शुभचिंतक जानते हैं कि किसने परिवार का साथ दिया और किसने पीठ में छुरा घोंपा। उन्होंने बीमारी में हालचाल पूछने को भारतीय संस्कृति का हिस्सा बताते हुए कहा कि बीमारी का “विज्ञापन बनाकर फेसबुक पर अपनी महानता साबित करना” शर्मनाक है।
रानी कुमारी ने अपनी पोस्ट में यह भी सवाल उठाया कि जब विजय कृष्ण की राजनीतिक विरासत को खत्म करने की साजिशें रची जा रही थीं, तब संबंधित लोग कहां थे। उन्होंने कहा कि सिर्फ एक तस्वीर खिंचवाने से कोई व्यक्ति विजय कृष्ण के परिवार का हितैषी नहीं बन सकता। पोस्ट के अंत में उन्होंने लिखा कि जनता और वक्त सब देख रहा है।सोशल मीडिया पर सामने आए इन बयानों के बाद विजय कृष्ण से नीरज कुमार की मुलाकात राजनीतिक चर्चा का विषय बन गई है। हालांकि, रानी कुमारी ने अपनी पोस्ट में नीरज कुमार का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया है, लेकिन पोस्ट का संदर्भ उनकी मुलाकात और साझा की गई तस्वीरों से जोड़कर देखा जा रहा है।

