Pune Civic Polls 2026: पुणे नगर निगम चुनाव 2026 से पहले महाराष्ट्र की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला है। एनसीपी और एनसीपी (शरद पवार गुट) ने एक साथ चुनाव लड़ने का ऐलान करते हुए शनिवार को अपना संयुक्त घोषणापत्र जारी किया। इस मौके पर उप मुख्यमंत्री अजित पवार और सांसद सुप्रिया सुले एक ही मंच पर नजर आए। लंबे समय बाद चाचा-भतीजा एकजुट दिखे, जिसे आगामी निकाय चुनावों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। दोनों गुट पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ नगर निगम चुनाव मिलकर लड़ेंगे।
घोषणापत्र जारी करते हुए अजित पवार ने कहा कि गठबंधन का उद्देश्य पुणे के नागरिकों के लिए विकास, स्थिरता और जवाबदेह प्रशासन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि संयुक्त घोषणापत्र के जरिए शहर की जनता के सामने एक स्पष्ट और मजबूत विकास मॉडल रखा गया है। वहीं सुप्रिया सुले ने कहा कि पार्टी सभी वर्गों और समाज के हितों को ध्यान में रखते हुए चुनावी रणनीति बनाएगी। उन्होंने जोर दिया कि यह साझा मंच भाजपा और अन्य विपक्षी दलों के लिए एक सशक्त राजनीतिक संदेश है।
एनसीपी के संयुक्त घोषणापत्र में हर घर तक रोजाना स्वच्छ पेयजल, सुरक्षित और गड्ढा-मुक्त सड़कें, बेहतर यातायात व्यवस्था, नियमित सफाई, आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं और प्रदूषण-मुक्त हरित पुणे जैसे प्रमुख वादे शामिल हैं। इसके अलावा झुग्गी-झोपड़ियों का पुनर्वास, पुरानी इमारतों का नवीनीकरण, PMPML बस और मेट्रो में मुफ्त यात्रा, 500 वर्ग फीट तक के घरों पर संपत्ति कर माफी, छात्रों के लिए मुफ्त कंप्यूटर टैबलेट और ‘पुणे मॉडल स्कूल’ जैसी योजनाओं का भी ऐलान किया गया है। अजित पवार ने भाजपा पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि 2017 से 2022 तक निगमों में सत्ता में रहने के बावजूद पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ का अपेक्षित विकास नहीं हुआ।

