Nationalist Bharat
राजनीति

राष्ट्रपति,राष्ट्रपत्नी प्रसंग

डॉक्टर राकेश पाठक

देश में राष्ट्रपति के पद नाम पर बहस छिड़ी हुई है। कांग्रेस सांसद अधि रंजन चौधरी के ‘राष्ट्रपत्नी’ शब्द पर बवाल मचा है। बेशक चौधरी का बयान बेहूदा ही था।एक तरफ़ बहुतेरे लोग इसे आपत्तिजनक बता रहे हैं तो दूसरी तरफ़ यह विचार भी सामने आया है कि अगर पत्नी शब्द आपत्तिजनक है तो पति कैसे सही हो सकता है?पद के जेंडर मुक्त होने की वकालत भी की जा रही है।ऐसे में नाम के पुरुषवाची अभिप्राय को विदा करने को क्रिकेट से प्रेरणा ली जा सकती है। क्रिकेट में बल्लेबाज को अब Batsman नहीं कहा जाता। उसे अब Batter के नाम से संबोधित किया जाता है चाहे महिला हो पुरुष।आज़ादी के बाद अनेक ऐसे शब्द मान्यता प्राप्त करते रहे हैं जो पुरुष सत्ता के प्रतीक पति शब्द से जुड़े हैं… जैसे सेनापति, कुलाधिपति,कुलपति आदि आदि।(भले ही यह कहा जाए कि पदनाम जेंडर न्यूट्रल होता है।)पति -पत्नी युग्म में पति शब्द अधिपति, स्वामी होने का भाव लिए हुए है यह तो स्पष्ट है इसीलिए आधुनिक युग में स्त्री -पुरुष समानता की दृष्टि से इस शब्द पर सवाल उठना स्वाभाविक है।संविधान सभा ने जब प्रेसिडेंट के लिए राष्ट्रपति शब्द स्वीकार किया था तब से गंगा में बहुत पानी बह चुका है। हो सकता है तब किसी ने यह सोचा ही न हो कि आगे कभी ऐसा समय आ सकता है जब कोई महिला इतने बड़े पद/पदों पर पहुंच जाएगी।

 

 

अब समानता के हामी समाज में ऐसे शब्द विदा होना ही चाहिए जो केवल पुरुष की श्रेष्ठता या सत्ता के परिचायक हों। राष्ट्रव्यापी विमर्श के जरिए राष्ट्रपति शब्द का विकल्प ढूंढने का समय आ पहुंचा है।संसद और सरकार को इसकी पहल करना चाहिए। भाषाविद, भाषाशास्त्री , स्त्री अस्मिता के पैरोकार और समाज के विभिन्न तबकों से इस पर राय ली जा सकती है।यद्यपि यह पहला अवसर नहीं है जब देश के सर्वोच्च पद पर किसी महिला के आसीन होने पर विवाद हुआ है।साठ के दशक में जब इंदिरा गांधी प्रधानमंत्री बनी थीं तब भी यह सवाल उठा था कि एक महिला को क्या ‘प्रधानमन्त्राणी’ कहा जाएगा? इसी तरह प्रतिभा पाटिल के राष्ट्रपति बनने पर यह सवाल उठा था कि क्या एक महिला के लिए पति युक्त संबोधन उचित है?

 

 

क्रिकेट की दुनिया में हुई पहल
बीते दशक में क्रिकेट की दुनिया में यह सवाल उठा कि महिला बल्लेबाज को बैट्समैन कहना कैसे सही हो सकता है? इसमें Man शब्द जुड़ा है।महिला क्रिकेट के बढ़ते कदमों के साथ आस्ट्रेलिया और इंग्लैंड में जब यह विषय चर्चा में आया तब इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल ने बल्लेबाज के लिए Batter शब्द के प्रयोग को प्रोत्साहित किया।(जैसे गेंदबाज को बॉलर कहा जाता है।)बीते वर्ष आईसीसी ने क्रिकेट मैचों की कमेंट्री करने वालों से भी Batter (बैटर) शब्द के प्रयोग करने को कहा। बल्लेबाज पुरुष हो या महिला अब उसे बैटर ही कहा जाता है। देखना होगा भारतीय समाज में प्रचलित पुरुष सत्तात्मक पदनाम कब तक चलन में रहते हैं..!

 

 

यह जान लेना भी दिलचस्प होगा कि आज़ादी से पहले भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष को राष्ट्रपति कहा जाता था। एनी बीसेंट और सरोजनी नायडू जैसी महिलाएं कांग्रेस अध्यक्ष रहीं थीं।प्रतिष्ठित कवि,लेखक श्रीकृष्ण सरल की एक पुस्तक का शीर्षक है – राष्ट्रपति सुभाष।यह पुस्तक नेताजी सुभाष चंद्र बोस पर केंद्रित है।

वर्षों पहले डैम में डूबी नूरी मस्जिद आयी बाहर, देखने वालों की उमड़ी भीड़

Nationalist Bharat Bureau

उर्दू शायरी के शौकीन थे मनमोहन सिंह, संसद में सुषमा स्वराज से हुई ‘शायराना’ नोकझोंक

Nationalist Bharat Bureau

नीतीश कुमार से मिलीं नीलम देवी और बेटे, सियासी एंट्री के संकेत

Nationalist Bharat Bureau

भाजपा और आरएसएस नफरत एवं हिंसा को बढ़ावा दे रहा है:भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी

मोहनिया सीट से RJD को बड़ा झटका: उम्मीदवार का नामांकन रद्द, तेजस्वी यादव की मुश्किलें बढ़ीं

क्या राहुल गांधी को यूके ट्रिप के लिए “मंजूरी” की जरूरत थी? -सरकार VS कांग्रेस

आकाश सिंह ने श्रीनारायण सिंह को पेश की श्रधांजलि,हत्यारों के खिलाफ सख़्त कार्रवाई की मांग

मुंबई कांग्रेस की 10 सूत्री ‘वाइप आउट पॉल्यूशन’ योजना जारी

Nationalist Bharat Bureau

मोहम्मद जफर हसन ऑल इंडिया ओलमा बोर्ड बिहार के प्रदेश उपाध्यक्ष मनोनित

Nationalist Bharat Bureau

समान नागरिक संहिता का मुद्दा उठाकर अल्पसंख्यकों को भयभीत करना चाहती है भाजपा: इरशाद अली आजाद

Nationalist Bharat Bureau

Leave a Comment