पटना:पटना जिले में नए राशन कार्ड के निर्माण एवं पात्र लाभुकों के ई-केवाईसी की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी श्री कुन्दन कुमार ने संबंधित अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने तथा निर्धारित लक्ष्य को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पात्र परिवारों को राशन कार्ड का लाभ शीघ्र उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकताओं में है। इसके लिए आवेदन से लेकर पोर्टल पर अपलोड, ई-केवाईसी एवं राशन कार्ड जनरेशन तक प्रत्येक स्तर पर प्रभावी अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाए।समीक्षा के क्रम में बताया गया कि पटना जिले में नए राशन कार्ड के लिए कुल 1,30,570 आवेदन प्राप्त हुए हैं। जांच के उपरांत इनमें से 1,18,399 आवेदन राशन कार्ड के लिए पात्र पाए गए हैं। पात्र आवेदनों में से अब तक 1लाख 15 हजार से अधिक आवेदन संबंधित पोर्टल पर अपलोड किए जा चुके हैं।जिलाधिकारी ने पोर्टल पर अपलोड किए गए पात्र आवेदनों के विरुद्ध ई-केवाईसी की प्रगति की समीक्षा करते हुए पाया कि अब तक मात्र 35,158 आवेदनों का ई-केवाईसी कराया गया है। उन्होंने इस प्रगति को और तेज करने की आवश्यकता जताते हुए सभी संबंधित पदाधिकारियों को fविशेष अभियान चलाकर शत-प्रतिशत पात्र लाभुकों का ई-केवाईसी सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया।उन्होंने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्र में नए राशन कार्ड निर्माण एवं ई-केवाईसी की नियमित समीक्षा करें। प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों के माध्यम से संबंधित जन वितरण प्रणाली विक्रेताओं के स्तर पर ई-केवाईसी की प्रक्रिया को प्रभावी ढंग से संचालित कराया जाए तथा इसकी लगातार निगरानी की जाए। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि ई-केवाईसी की प्रक्रिया में किसी प्रकार की शिथिलता नहीं होनी चाहिए।ई-केवाईसी संबंधित जन वितरण प्रणाली विक्रेता (डीलर) के माध्यम से कराया जाना है। पात्र राशन कार्ड लाभुकों को अपने rसंबंधित डीलर के पास जाकर ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। जिलाधिकारी ने प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे लाभुकों के बीच इस संबंध में व्यापक जानकारी एवं जागरूकता सुनिश्चित करें, ताकि कोई भी पात्र परिवार ई-केवाईसी के अभाव में राशन कार्ड के लाभ से वंचित न रहे।

समीक्षा में यह भी पाया गया कि 35,158 ई-केवाईसी के विरुद्ध अब तक 29,337 राशन कार्ड जनरेट किए जा चुके हैं। जिलाधिकारी ने राशन कार्ड जनरेशन की गति को और बढ़ाने का निर्देश देते हुए कहा कि पात्र आवेदनों के निष्पादन में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। संबंधित पदाधिकारी लंबित मामलों की समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।जिलाधिकारी ने कहा कि 1,18,399 पात्र आवेदनों को ध्यान में रखते हुए शेष पात्र लाभुकों का ई-केवाईसी एवं राशन कार्ड जनरेशन प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाए। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को लक्ष्य निर्धारित कर नियमित प्रगति की समीक्षा करने तथा कार्य को मिशन मोड में संचालित करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने अपर समाहर्ता, आपूर्ति रविंद्र कुमार दिवाकर को पूरे कार्यक्रम का नियमित अनुश्रवण एवं निरीक्षण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अनुमंडल एवं प्रखंड स्तर पर ई-केवाईसी तथा राशन कार्डrr जनरेशन की प्रगति की लगातार समीक्षा की जाए तथा जहां भी अपेक्षित प्रगति नहीं हो रही है, वहां आवश्यक कार्रवाई करते हुए कार्य में तेजी लाई जाए।उन्होंने अधिकारियों से कहा कि पात्र परिवारों को सरकारी खाद्य सुरक्षा योजनाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। इसलिए आवेदन के निष्पादन की पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी, समयबद्ध एवं प्रभावी बनाते हुए पात्र लाभुकों के अधिकतम कवरेज पर विशेष ध्यान दिया जाए।

