PM Modi at 28th CSPOC: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को नई दिल्ली के संविधान सदन के सेंट्रल हॉल में 28वीं कॉमनवेल्थ स्पीकर्स एंड प्रेसिडिंग ऑफिसर्स कॉन्फ्रेंस (CSPOC) 2026 का उद्घाटन किया। इस तीन दिवसीय सम्मेलन में 42 देशों के संसदीय पदाधिकारी भाग ले रहे हैं। पीएम मोदी का स्वागत लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और राज्यसभा उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह ने किया। सम्मेलन का मुख्य विषय “संसदीय लोकतंत्र की प्रभावी डिलीवरी” रखा गया है।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत का लोकतंत्र न केवल विशाल है, बल्कि उसकी जड़ें भी बेहद मजबूत हैं। उन्होंने बताया कि भारत की राष्ट्रपति देश की पहली नागरिक हैं और वह महिला हैं, वहीं दिल्ली की मुख्यमंत्री भी महिला हैं। पीएम मोदी ने कहा कि 2024 का आम चुनाव मानव इतिहास का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक अभ्यास था, जिसमें करीब 98 करोड़ मतदाता पंजीकृत थे और 700 से अधिक राजनीतिक दलों ने हिस्सा लिया। महिला मतदाताओं की भागीदारी भी ऐतिहासिक रही।
प्रधानमंत्री ने संविधान सदन के ऐतिहासिक महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि इसी सेंट्रल हॉल में भारत के संविधान की नींव रखी गई थी और 75 वर्षों तक यह संसद का केंद्र रहा। उन्होंने कहा कि कॉमनवेल्थ देशों की लगभग 50 फीसदी आबादी भारत में रहती है और भारत स्वास्थ्य, जलवायु परिवर्तन, आर्थिक विकास व नवाचार जैसे क्षेत्रों में सभी साझेदार देशों के साथ मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध है। पीएम मोदी ने वैश्विक दक्षिण के लिए नए रास्ते तलाशने पर भी जोर दिया।

