Nationalist Bharat
ब्रेकिंग न्यूज़

तोशाखाना मामले में इमरान को बड़ी राहत, आईएचसी ने सजा पर लगाई रोक, रिहाई के आदेश

इस्लामाबाद 29 अगस्त जेल में बंद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेता इमरान खान को तोशाखाना मामले में बड़ी राहत मिली है। इस्लामाबाद उच्च न्यायालय (आईएचसी) ने उन्हें इस मामले में जमानत दे दी है। इसी के साथ श्री खान के जेल से निकलने का रास्ता साफ हो गया है।

गौरतलब है कि आईएचसी ने श्री इमरान खान की उस याचिका पर सोमवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया, जिसमें उन्होंने तोशाखाना भ्रष्टाचार मामले में अपनी तीन साल की जेल की सजा को निलंबित करने की मांग की थी। आईएचसी के मुख्य न्यायाधीश आमिर फारूक और न्यायमूर्ति तारिक महमूद जहांगीरी की खंडपीठ ने दोनों पक्षों के वकीलों को सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रखा था।

एक निचली अदालत ने इस मामले में पांच अगस्त को पीटीआई के प्रमुख खान को दोषी ठहराते हुए तीन साल कैद की सजा सुनाई थी। श्री खान पर आरोप था कि उन्होंने 2018-2022 तक के कार्यकाल के दौरान उन्हें और उनके परिवार को मिले राज्य के उपहारों को गैरकानूनी रूप से बेचा। एक सत्र अदालत ने उन्हें इस मामले में दोषी ठहराया था। उन्हें पांच साल के लिए राजनीति से प्रतिबंधित किया गया है। इससे श्री खान अब आगामी आम चुनाव में भी हिस्सा नहीं ले पाते।
दरअसल, पाकिस्तान के कानून के अनुसार किसी विदेशी राज्य के गणमान्य लोगों से प्राप्त कोई भी उपहार स्टेट डिपॉजिटरी यानी तोशाखाना में रखना होता है। अगर राज्य का मुखिया उपहार को अपने पास रखना चाहता है तो उसके लिए उसे इसके मूल्य के बराबर राशि का भुगतान करना होगा। यह एक नीलामी की प्रक्रिया के जरिए तय किया जाता है। ये उपहार या तो तोशाखाना में जमा रहते हैं या नीलाम किए जा सकते हैं और इसके माध्यम से अर्जित धन को राष्ट्रीय खजाने में जमा किया जाता है।

पीटीआई पार्टी के प्रमुख खान पर प्रधानमंत्री रहते हुए स्टेट डिपॉजिटरी यानी तोशाखाना से रियायती मूल्य पर प्राप्त एक महंगी ग्राफ कलाई घड़ी सहित अन्य उपहार खरीदने और लाभ के लिए उन्हें बेचने का आरोप है। श्री खान को आधिकारिक यात्राओं के दौरान करीब 14 करोड़ रुपये के 58 उपहार मिले थे। इन महंगे उपहारों को तोशाखाना में जमा किया गया था। बाद में श्री इमरान खान ने इन्हें तोशाखाना से सस्ते दाम पर खरीद लिया और फिर महंगे दाम पर बाजार में बेच दिया। इस पूरी प्रक्रिया के लिए उन्होंने सरकारी कानून में बदलाव भी किए।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार श्री इमरान ने 2.15 करोड़ रुपये में इन उपहारों को तोशाखाना से खरीदा और इन्हें बेचकर 5.8 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया। इन उपहारों में एक ग्राफ घड़ी, कफलिंक का एक जोड़ा, एक महंगा पेन, एक अंगूठी और चार रोलेक्स घड़ियां शामिल थे। बिक्री का विवरण साझा न करने के कारण उन्हें पिछले साल अक्तूबर में पाकिस्तान के चुनाव आयोग (ईसीपी) द्वारा अयोग्य घोषित कर दिया गया था।

बिहार में मतदाता सूची का ‘शुद्धिकरण’ पूरा, 22 साल बाद 47 लाख नाम हटे और 18 लाख नए मतदाता जुड़े

हजारो रसोइयों का मुख्यमंत्री के समक्ष प्रदर्शन 31 अक्टूबर को

Nationalist Bharat Bureau

नॉर्मलाइजेशन के खिलाफ प्रदर्शन पर लाठीचार्ज, तेजस्वी यादव ने सरकार पर साधा निशाना

प्रधानमंत्री प्रचारमंत्री बन गए हैं,त्रिपुरा जल रहा है,PM ख़ामोश:बघेल

बिहार बोर्ड ने जारी की 2026 की मैट्रिक और इंटर परीक्षा तिथियां, देखें पूरा शेड्यूल

Nationalist Bharat Bureau

दिल्ली-NCR में पड़ने वाली है कड़ाके की सर्दी, बारिश का भी अनुमान

बिहार चुनाव 2025: सीटों पर खींचतान तेज, NDA और INDIA गठबंधन आमने-सामने

Land For Job Scam: लालू-तेजस्वी और तेज प्रताप को राहत, एक लाख के निजी मुचलके पर मिली जमानत

Senior Citizens Card 2025: 1 नवंबर से बुजुर्गों को मिलेंगे 7 बड़े लाभ, केंद्र सरकार की नई योजना से मिलेगा सम्मान और सहारा

अखिलेश ने केंद्र को घेरा:कहा जो देश की सेवा करना चाहेगा कभी अग्निवीर नहीं बनेगा

Nationalist Bharat Bureau

Leave a Comment