बिहार के मोकामा फोरलेन पर तेज रफ्तार और लापरवाही ने बड़ा हादसा ला दिया। अयोध्या से सिमरिया धाम लौट रही तीर्थ यात्रियों से भरी बस गहरी खाई में जा गिरी, जिसमें एक महिला श्रद्धालु की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 25 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। दुर्घटना के बाद बरहपुर बाइपास का क्षेत्र अफरातफरी, चीख-पुकार और टूटे शीशों की दर्दनाक तस्वीर बन गया। बस में कुल 45 यात्री सवार थे, जो मधुबनी जिले से निकले थे और दर्शन के बाद वापस लौट रहे थे।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, बस चालक को मोड़ पर तेज नींद का झटका लगा और वाहन अनियंत्रित होकर 20 फीट गहरी खाई में गिर गया। हादसा इतना जोरदार था कि कई यात्री बस के अंदर फंस गए, जबकि कुछ बाहर गिर पड़े। स्थानीय लोगों और पुलिस ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया और घायलों को एंबुलेंस की मदद से मोकामा ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया, जहां इलाज जारी है। अस्पताल में रोते-बिलखते परिजन, खून से सने कपड़े और अफरा-तफरी का माहौल देखने को मिला।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक रिपोर्ट में तेज रफ्तार, थकान और ओवरलोड को दुर्घटना का संभावित कारण माना जा रहा है। इस हादसे ने एक बार फिर साबित कर दिया कि फोरलेन पर एक क्षण की लापरवाही भी दर्जनों जिंदगियों को मौत के मुहाने तक ले जाती है।

